रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन भारत में जी20 शिखर सम्मेलन में शामिल नहीं होंगे

क्रेमलिन ने कहा है कि रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन सितंबर में भारत में होने वाले जी20 शिखर सम्मेलन में व्यक्तिगत रूप से शामिल नहीं होंगे। अंतर्राष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय (आईसीसी) द्वारा रूसी राष्ट्रपति पर यूक्रेन में युद्ध अपराधों का आरोप लगाने के बाद विदेश यात्रा के दौरान पुतिन के खिलाफ वारंट जारी होने के बाद पुतिन को गिरफ्तारी का खतरा है। पुतिन ने वीडियो लिंक के जरिए दक्षिण अफ्रीका में हाल ही में संपन्न ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग लिया था।

साउथ अफ्रीका के जोहानिसबर्ग में हाल ही में समाप्त हुए ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में पुतिन व्यक्तिगत रूप से शामिल नहीं हुए। उनका प्रतिनिधित्व रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने किया। राष्ट्रपति पुतिन ने कोविड-19 के बाद हुए पहले प्रत्यक्ष ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग न लेने का फैसला किया, क्योंकि अंतरराष्ट्रीय आपराधिक न्यायालय (आईसीसी) ने यूक्रेनी बच्चों को रूस में निर्वासित करने की एक कथित योजना को लेकर मार्च में उनके खिलाफ गिरफ्तारी वॉरंट जारी किया था। साउथ अफ्रीका आईसीसी से जुड़ा हस्ताक्षरकर्ता है। ऐसी आशंका थी कि वह पुतिन के आने पर उनकी गिरफ्तारी कराने में मदद कर सकता था।

क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेसकोव ने कहा कि पुतिन की भागीदारी का प्रारूप बाद में निर्धारित किया जाएगा। पुतिन ने वीडियो लिंक के जरिए दक्षिण अफ्रीका में हाल ही में संपन्न ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भाग लिया। उनका प्रतिनिधित्व रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने किया।

बता दें कि भारत, G20 शिखर सम्मेलन के वर्तमान संस्करण की मेजबानी कर रहा है और मुख्य कार्यक्रम 9-10 सितंबर को नई दिल्ली में आयोजित किया जाएगा। शिखर सम्मेलन में 29 राष्ट्राध्यक्षों के साथ-साथ यूरोपीय संघ के शीर्ष अधिकारियों और आमंत्रित अतिथि देशों और 14 अंतरराष्ट्रीय संगठनों के प्रमुखों के भाग लेने की संभावना है। नई दिल्ली शिखर सम्मेलन के समापन पर G20 नेताओं की घोषणा को अपनाया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *