NEET Exam Controversy: चेन्नई के परीक्षा केंद्र में NEET के अभ्यर्थियों को ब्रा उतारने के लिए किया गया मजबूर

बीते रविवार को चेन्नई के एक परीक्षा केंद्र पर NEET उम्मीदवारों के ब्रा पहनने पर कथित रूप से प्रतिबंध लगाने की घटना सामने आने के बाद विवाद खड़ा हो गया है। चेन्नई में परीक्षा केंद्र पर गए एक क्षेत्रीय पत्रकार ने एक ट्वीट किया, जिस पर प्रतिक्रियाएं आईं। नाम न छापने का अनुरोध करते हुए महिला पत्रकार ने कहा कि उसने एक लड़की को परीक्षा केंद्र के बाहर एक कोने में बैठे हुए देखा, वह शर्म महसूस कर रही थी और एग्जाम सेंटर के बाहर बुक को सीने से लगाए हुए बैठी थी।

उस पत्रकार ने लड़की से पूछा कि क्या वह ठीक है? छात्रा ने पत्रकार को बताया कि परीक्षा देते समय उसे कथित तौर पर ब्रा नहीं पहनने के लिए कहा गया था, इसलिए वह शर्म महसूस कर रही थी। पत्रकार ने कहा कि उसने अपनी शॉल की पेशकश की, लेकिन लड़की ने यह कहते हुए विनम्रता से मना कर दिया कि उसका भाई उसे घर ले जाने के रास्ते में है।

इस ट्वीट के लिए महिला पत्रकार को ट्रोलर्स की आलोचनाओं का सामना करना पड़ा और उन्हें ट्वीट डिलीट करने के लिए मजबूर होना पड़ा। बाद में उन्होंने कहा कि जहां तक उन्होंने देखा, परीक्षा देने आई आधी छात्राओं ने ब्रा नहीं पहनी थी। उन्होंने ट्वीट किया, ‘जो लोग मुझसे अश्लील सवाल पूछते रहे हैं उन्हें परीक्षा बोर्ड से पूछना चाहिए कि ब्रा पहनने की इजाजत है या नहीं।’

मालूम हो कि उत्तर केरल के कन्नूर में कथित तौर पर NEET परीक्षा के दौरान एक 17 वर्षीय छात्रा को ब्रा उतारने के लिए मजबूर करने वाली चार शिक्षिकाओं को स्कूल प्रशासन ने व्यापक विरोध के बीच मंगलवार को निलंबित कर दिया।

तमिलनाडु भर में लगभग 1.5 लाख छात्र रविवार को NEET परीक्षा में शामिल हुए।

इस मामले पर बोलते हुए राज्य के शिक्षा मंत्री अनबिल महेश पोय्यामोझी ने दावा किया कि सीएम स्टालिन पहले ही इस तरह की गतिविधियों की निंदा कर चुके हैं।

अंबिल महेश ने ट्वीट में लिखा, ‘आप जानते हैं कि NEET कौन आयोजित करता है? पिछले तीन वर्षों से जब NEET पेश किया गया था, हमारे मुख्यमंत्री ने उस तरीके की निंदा की है जिस तरह से निरीक्षकों ने हर छात्र की हेयर पिन और ड्रेस उतार कर उसकी जांच की है। यह बेहद निंदनीय है। मुख्यमंत्री इस प्रथा की आलोचना करते रहे हैं।’

बीजेपी के प्रवक्ता नारायणन थिरुपति ने कहा कि अगर स्थापित नियमों और विनियमों से परे कोई उल्लंघन हुआ है, तो इसकी निंदा की जानी चाहिए और जिम्मेदार व्यक्ति को दंडित किया जाना चाहिए। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि इस मुद्दे का परीक्षा या इसे आयोजित करने वाले संगठन से कोई लेना-देना नहीं है।

बता दें कि बीते साल भी NEET परीक्षा के दौरान छात्राओं के इनर वियर उतरवाने को लेकर विवाद खड़ा हुआ था और जांच के बाद कई शिक्षकों को सस्पेंड किया गया था।

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