बेंगलुरु के रामेश्वरम कैफे में IED रखने वाले दो आरोपियों पर NIA ने रखा 10-10 लाख का इनाम

राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने बेंगलुरु कैफे ब्लास्ट मामले में दो संदिग्धों की जानकारी देने वाले को 10-10 लाख रुपये का इनाम देने की घोषणा की है। एनआईए ने दो संदिग्धों, मुसाविर हुसैन शाज़िब, जिसने कथित तौर पर रामेश्वरम कैफे में इम्प्रोवाइज्ड एक्सप्लोसिव डिवाइस (आईईडी) लगाया था, और मामले में साजिश रचने के लिए अब्दुल मथीन अहमद ताहा, के बारे में जानकारी देने के लिए इनाम की घोषणा की है। ये दोनों पहले से ही 2020 के आतंकवाद मामले में वांछित हैं।

https://x.com/NIA_India/status/1773674283576807770?s=20

NIA ने कहा है कि दोनों संदिग्धों के बारे में जानकारी रखने वाले लोग info.blr.nia@gov.in पर ईमेल या कॉल के जरिए एजेंसी से संपर्क कर सकते हैं।

https://x.com/NIA_India/status/1773687030297297179?s=20

एनआईए ने कहा कि शाजिब पहचान छुपाने के लिए मोहम्मद जुनेद सईद नाम का इस्तेमाल कर रहा था। एजेंसी ने कहा, इसी तरह ताहा विग्नेश नाम के साथ हिंदू पहचान दस्तावेजों और जाली आधार कार्ड का उपयोग कर रहा था।

एजेंसी ने कहा कि सूचना देने वाले की पहचान गुप्त रखी जाएगी।

1 मार्च को कैफे में कम तीव्रता का बम धमाका हुआ था। इस धमाके में ग्राहक और होटल कर्मचारी सहित 10 लोग घायल हो गए थे। धमाका होते ही कैफे के अंदर धुआं भर गया और जान बचाने के लिए लोग इधर-उधर भागने नजर आए थे। शुरू में लोगों को लगा था कि शायद ये सिलेंडर ब्लास्ट है। मगर, जब पुलिस और NIA की टीम मौके पर पहुंची, तो शक की सूई दूसरी ओर घूम गई। इसके बाद केस पूरी तरह NIA को सौंप दिया गया। इसके बाद की जांच के दौरान कैफे में ब्लास्ट के आरोपी की कुछ तस्वीरें सामने आई थीं। तस्वीरों में आतंकी अलग अलग दिन कभी टोपी तो कभी बिना टोपी और कभी मास्क पहनकर बस में यात्रा करते हुए देखा गया था।

एनआईए टीम द्वारा कर्नाटक में 12, तमिलनाडु में पांच और उत्तर प्रदेश में एक सहित 18 स्थानों पर तलाशी अभियान चलाने के बाद एजेंसी ने 28 मार्च को मामले के सह-साजिशकर्ताओं में से एक मुजम्मिल शरीफ को गिरफ्तार किया था।

छापेमारी 17 मार्च को शरीफ सहित तीन संदिग्धों के आवासों और अन्य हितबद्ध व्यक्तियों के घरों और दुकानों पर की गई थी। तलाशी के दौरान विभिन्न डिजिटल उपकरण और नकदी जब्त की गई।

एनआईए ने कहा था कि शरीफ ने घटना में शामिल अन्य आरोपी व्यक्तियों को साजो-सामान संबंधी सहायता प्रदान की थी।

1 मार्च को बेंगलुरु के रामेश्वरम कैफे में कम तीव्रता वाले विस्फोट में दस लोग घायल हो गए थे। यह विस्फोट टाइमर का उपयोग करके आईईडी बम को ट्रिगर करके किया गया था।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *