प्रधानमंत्री मोदी ने बाली में भारतीय समुदाय को किया संबोधित, बोले- बाली के साथ भारत का हजारों वर्ष पुराना रिश्ता, इंडोनेशिया का हर शख्स अयोध्या आना चाहता है

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जी-20 शिखर सम्मेलन के दौरान मंगलवार शाम को इंडोनेशिया के बाली में भारतीय मूल के लोगों को संबोधित किया। पीएम ने बाली में भारतीय समुदाय के कार्यक्रम में लोगों का अभिवादन स्वीकार किया। इस दौरान PM ने कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि बाली आने के बाद हर भारतीय को एक अलग ही अनुभूति होती है और मैं भी वही महसूस कर रहा हूं। जिस जगह के साथ भारत का हजारों वर्षों का रिश्ता रहा हो, जिसके बारे में सुनते रहते हो। पीढ़ी दर पीढ़ी उस परंपरा को आगे बढ़ाया पर कभी ओझल नहीं होने दिया। यहां उन्होंने पारंपरिक इंडोनेशियाई संगीत वाद्ययंत्रों में भी हाथ आजमाया।

जैसे ही प्रधानमंत्री भारतीय समुदाय के कार्यक्रम में मंच पर पहुंचे वहां बैठे लोगों ने “मोदी, मोदी” का नारा बुलंद किया।

पीएम मोदी ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि बाली आने के बाद हर हिंदुस्तानी को एक अलग ही अनुभूति होती है। एक अलग ही अहसास होता है। मैं भी वही अनुभूति महसूस कर रहा हूं। जिस जगह के साथ भारत का हजारों वर्षों का रिश्ता रहा हो, जिसके बारे में सुनते रहते हों कि हजारों साल में अनेक पीढ़िया आई चली गई लेकिन उस परंपरा को कभी ओझल नहीं होने दिया। हजारों साल से उस परंपरा को जीना। पीढ़ी दर पीढ़ी उस परंपरा को जानना और हर पल उस परंपरा से जुड़े रहना। यहां के लोग और यह धरती एक अलग ही आनंद देती है।

पीएम ने कहा कि आप कल्पना कर सकते हैं, आज जिस समय मैं आपसे बात कर रहा हूं, हम यहां बाली में बैठे हैं, बाली की परंपराओं के गीत गा रहे हैं। इसी पल डेढ़ हजार किलोमीटर दूर भारत में कटक शहर में महानदी के किनारे बाली यात्रा का महोत्सव चल रहा है। जिसे बाली जात्रा कहते हैं। बाली यात्रा है क्या ये महोत्सव ये भारत और इंडोनेशिया के बीच हजारों वर्षों के व्यापार संबंधों को मनाता है।

उन्होंने कहा, ‘भारत और इंडोनेशिया के संबंधों के देखें तो ये शब्द नहीं है बल्कि सच्चाई है। समंदर के विशाल लहरों में भारत और इंडोनेशिया के संबंध समुद्र के लहरों की तरह हमारा नाता जीवंत रहता है। आज एक ये समय है जब भारत और इंडोनेशिया 21वीं सदी में विकास के लिए एक-दूसरे के साथ कंधे से कंधा मिलाकर काम कर रहे हैं। भारतीय मूल के लोग इंडोनेशिया के विकास और समृद्धि में योगदान दे रहे हैं। फिल्म और टीवी इंडस्ट्री में भी सिंध के लोगों ने सहयोग किया है। गुजरात से आए हुए लोग खेती किसानी और हीरे के व्यापार में शामिल होते हैं’।

पीएम मोदी ने कहा कि जब 2018 में इंडोनेशिया में इतना बड़ा भूकंप आया तो भारत ने तुरंत ऑपरेशन समुद्र मैत्री शुरू किया था। उस साल मैं जकार्ता आया था। तब मैंने कहा था कि भारत और इंडोनेशिया में 90 नॉटिकल मील का फासला भले हो लेकिन हकीकत में हम 90 नॉटिकल मील दूर नहीं बल्कि 90 नॉटिकल मील पास हैं। भारत और इंडोनेशिया ने मिलकर कई चीजों को संजो रखा है। बाली की भूमि महर्षि मार्केंडय और महर्षि अगस्त्य की तपोभूमि है। भारत में गंगा है तो बाली में तीर्था गंगा है। हम भी भारत में हर शुभ कार्य का श्रीगणेश करते हैं, यहां भी श्रीगणेश हर जगह विराजमान है।

पीएम ने कहा कि बाली का जन जन महाभारत की गाथाओं से बड़ा होता है। मैं तो द्वारकाधीश श्रीकृष्ण की धरती में पला बढ़ा हूं। आप यहां पर भगवान विष्णु और भगवान राम की आराधना करते हैं। जब हम भारत में भगवान राम की जन्मभूमि पर भव्य राम मंदिर की नींव रखी जाती है तो इंडोनेशिया की रामायण परंपरा को भी गर्व से याद करते हैं। कुछ साल पहले जब भारत में रामायण फेस्टिवल का आयोजन हुआ था तो यहां के कई कलाकार भारत आए थे।

अयोध्या का जिक्र करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अयोध्या में राम मंदिर की नींव रखी जाती है तो हम भी इंडोनेशिया की रामायण परंपरा को गर्व से याद करते हैं। आज इंडोनेशिया में रहने वाले भारतीय अयोध्या का दर्शन करना चाहते हैं।

पीएम मोदी ने इंडोनेशिया के साथ भारत के संबंधों को याद करते हुए कहा कि बाली की धरती महर्षि मार्कन्डेय और अगस्त्य के तप से पवित्र है। भारत में अगर हिमालय है तो इंडोनेशिया में आगुंग है। भारत में अगर गंगा है तो बाली में तीर्थ गंगा है। हम भारत में हर काम की शुरुआत श्रीगणेश से करते हैं। यहां भी श्री गणेश घर-घर विराजमान हैं।

प्रधानमंत्री ने आगे अपने संबोधन में कहा कि कई बड़ी कंपनी ऐसी है जिसके CEO भारतीय मूल के हैं। आज भारत डिजिटल लेन-देन में दुनिया में नंबर वन है। आज भारत ग्लोबल फिनटेक के मामले में दुनिया में नंबर वन है। आज भारत आईटीबीपएन के लिए आउटसोर्सिंग में दुनिया में नंबर वन है। आज भारत स्मार्टफोन डेटा कंजप्शन में दुनिया में नंबर वन है। आज भारत कितनी ही दवाई और अनेक वैक्सीन की मैन्युफैक्चरिंग में दुनिया में नंबर वन है।

पीएम ने कहा कि आज भारत स्मार्ट फोन डेटा के उपभोग में दुनिया में नंबर-1 है। उन्होंने कहा कि आज भारत कितनी ही दवाइयों की सप्लाई में, अनेक वैक्सीन बनाने में दुनिया में नंबर-1 है। 2014 के पहले और 2014 के बाद के भारत में बहुत बड़ा फर्क है, ये बहुत बड़ा फर्क मोदी नहीं है। ये बहुत बड़ा फर्क है स्पीड और स्केल में।प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और इंडोनेशिया का साथ सिर्फ सुख का नहीं है। हम सुख-दुख में एक दूसरे के दुख को बांटने वाले हैं। जब 2018 में इंडोनेशिया में बड़ा भूकंप आया तो भारत ने तुरंत ऑपरेशन समुद्र मैत्री शुरू किया था।

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘कुछ महीने पहले 15 अगस्त को भारत ने आजादी के 75 साल पूरे किए। इंडोनेशिया का स्वतंत्रता दिवस भारत के दो दिन बाद आता है, 17 अगस्त को। लेकिन इंडोनेशिया सौभाग्यशाली था कि उसे भारत से दो वर्ष पूर्व ही स्वतंत्रता प्राप्त हो गई। इंडोनेशिया से भारत बहुत कुछ सीख सकता है’.

इससे पहले, G-20 सम्मलेन के दौरान आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी विश्व के कई नेताओं से मिले। प्रधानमंत्री मोदी ने ब्रिटेन के पीएम ऋषि सुनक से मुलाकात की। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच काफी देर तक वार्ता हुई।

भारतीय विदेश मंत्रालय ने बताया, पीएम मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन के बीच महत्वपूर्ण वार्ता हुई। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच भारत-अमेरिका की रणनीतिक साझेदारी को मजबूत करने पर व्यापाक चर्चा हुई। विदेश मंत्रालय ने बताया, अमेरिका ने क्वाड, I2U2, जैसे संगठनों में भारतीय सहयोग के लिए सराहना भी की।

पीएम मोदी ने अगले साल इंदौर में होने वाले प्रवासी भारतीय सम्मेलन के लिए बाली में मौजूद लोगों को आने का न्यौता दिया। पीएम ने कहा कि आप अकेले मत आइए, इंडोनेशिया के दो तीन परिवारों को ले आइए और भारत की समृद्ध परंपरा का अनुभव कीजिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *