Republic Day: देश आज मना रहा है 74वां गणतंत्र दिवस, कर्त्तव्य पथ पर दिखी देश की आन-बान-शान

आज पूरा देश 74वां गणतंत्र दिवस मना रहा है और हर कोई देशप्रेम में डूबा हुआ है। गणतंत्र दिवस के मौके पर दिल्ली के कर्तव्य पथ पर शौर्य, साहस और पराक्रम देखने को मिला। इस मौके पर कर्तव्य पथ पर परेड निकाली गई। गणतंत्र दिवस परेड आज पहली बार कर्तव्य पथ पर हुआ। ब्रिटिश काल से लेकर कुछ समय पहले तक कर्तव्य पथ को राजपथ के नाम से जाना जाता था. मिस्र के राष्ट्रपति अब्देल फतेह अल-सिसी इस वर्ष समारोह के मुख्य अतिथि बने। उनके साथ मिस्त्र के 120 सदस्यीय दल ने भी मार्चिंग परेड में हिस्सा लिया।

देश में पहली बार आदिवासी महिला राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने परेड की सलामी ली। उन्होंने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और उसके बाद 21 तोपों की सलामी के साथ राष्ट्रगान हुआ।

गणतंत्र दिवस के परेड में स्वदेशी सैन्य पराक्रम और नारी शक्ति की ताकत नजर आई। आसमान में प्रचंड और राफेल समेत 50 विमानों की उड़ान ने सीमाओं से परे भारतीय वायु सेना की शक्ति प्रदर्शित की। 90 मिनट की परेड में 23 झांकियां दिखीं। इनमें राज्यों की और मंत्रालयों-विभागों की झांकियां शामिल रहीं। पहली बार अग्निवीर परेड का हिस्सा रहे। साथ ही साथ एयरफोर्ट के फ्लाई पास्ट ने लोगों को रोमांच से भर दिया है। इस परेड में सिर्फ मेड इन इंडिया यानी स्वदेशी हथियारों का डिस्प्ले हुआ। भारत में बनी 105 एमएम इंडियन फील्ड गन से 21 तोपों की सलामी दी गई। इस बार दिल्ली पुलिस ने अधिकतम 65 हजार लोगों को परेड देखने की अनुमति दी थी।

इस साल सेंट्रल विस्टा, कर्तव्य पथ, नवीन संसद भवन के निर्माण से जुड़े लोगों, दूध, सब्जी व रेहड़ी पटरी वालों को निमंत्रण भेजा गया, और उन्हें पहले कतार में स्थान दिया गया।

सबसे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू मुख्य अतिथि अब्देल फतेह अल-सिसी के साथ कार्यक्रम स्थल पर पहुंचीं। राष्ट्रपति मुर्मू ने कर्तव्य पथ से गणतंत्र दिवस मनाने के लिए परेड को झंडी दिखाकर रवाना किया। इससे पहले, पीएम मोदी ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और तीनों सेनाओं के प्रमुखों के साथ राष्ट्रीय युद्ध स्मारक पर श्रद्धांजलि अर्पित की।

गणतंत्र दिवस परेड की शुरुआत मिस्र के सशस्त्र बलों के एक दल द्वारा एक मार्च के साथ हुई। इसमें मिस्र के सशस्त्र बलों की मुख्य शाखाओं का प्रतिनिधित्व करने वाले सैनिक शामिल रहे।

इस साल परेड में CRPF की महिला टुकड़ी खासियतों में से एक रही। नौसेना सहित कई अन्य मार्चिंग टुकड़ियों में महिलाएं शामिल थीं। एक महिला अधिकारी के नेतृत्व में नौसेना की टुकड़ी में 3 महिलाएं और 6 अग्निवीर शामिल रहे।

इस बार प्रदर्शित की गईं शस्त्र प्रणालियों में “आत्मनिर्भर भारत” के अनुरूप भारत में निर्मित अर्जुन और आकाश मिसाइल प्रणाली सहित अन्य प्रणालियां प्रदर्शित की गईं।

17 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों एवं 6 सरकारी मंत्रालयों से संबंधित 23 झांकियों में भारत की सांस्कृतिक विरासत, आर्थिक प्रगति और राष्ट्रीय सुरक्षा देखने को मिली।

कर्त्तव्य पथ पर हुए परेड में कॉर्प्स ऑफ़ सिग्नल्स की डेयर डेविल्स टीम के मोटरसाइकिल पर प्रदर्शन ने सबको रोमांचित कर दिया। बहादुरी, कला और संस्कृति, खेल, नवाचार और समाज सेवा के क्षेत्र में उत्कृष्ट उपलब्धि के लिए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार पाने वाले ग्यारह बच्चे भी परेड का हिस्सा रहे।

फ्लाई पास्ट में तीनों सेनाओं के विमानों ने भाग लिया। 45 विमानों के साथ एयर शो में विंटेज विमान से लेकर भारतीय वायु सेना में सेवा दे रहे सबसे आधुनिक जेट शामिल थे। राफेल लड़ाकू विमान ने वर्टिकल चार्ली युद्धाभ्यास का समापन किया। राफेल वैसे तो पिछले दो सालों से परेड का हिस्सा रहा है, मगर यह पहली बार है, जब बेड़े के एक चौथाई (नौ विमानों) ने फ्लाई पास्ट में भाग लिया।

सबसे आखिर में कर्तव्य पथ पर राष्ट्रगान के साथ गणतंत्र दिवस 2023 परेड का समापन हुआ।

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