महाराष्ट्र में समृद्धि महामार्ग एक्सप्रेसवे पर एक बस में आग लगने से 26 लोगों की मौत हो गई और कई अन्य घायल हो गए। बस यवतमाल से पुणे जा रही थी। यह घटना राज्य के बुलढाणा जिले में शनिवार देर रात करीब 2 बजे हुई। बुलढाणा के एसपी सुनील कडासने के मुताबिक, सुबह 1:35 पर नागपुर से पुणे जा रही एक निजी बस का नियंत्रण बिगड़ने के कारण ये हादसा हुआ। बस चालक का कहना है कि टायर फटने के कारण नियंत्रण बिगड़ा जिसके बाद डीजल टैंक फूटा और आग लग गई। इस हादसे में मरने वालों में 3 बच्चे और अन्य वयस्क हैं। मृत्यु का मुख्य कारण आग है। पीड़ित परिवारों के लिए मुआवजे के तौर पर राज्य सरकार द्वारा 5 लाख रुपये की घोषणा की गई है। मुख्यमंत्री ने घटना की जांच के भी आदेश दिये हैं।
महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस घटना को लेकर कहा कि समृद्धि महामार्ग पर एक निजी बस पुल से टकराई, जिसके बाद उसके डीजल की टंकी फूटने से उसमें आग लग गई। इसमें 25 लोगों की जलने से मृत्यु हुई है। 8 लोग बाहर निकल पाए इसलिए वो बच गए। मैं और मुख्यमंत्री घटनास्थल पर जा रहे हैं। इस घटना के कारणों की हम जांच कर रहे हैं। मृतकों के परिजनों के साथ हमारी संवेदनाएं हैं। उन्होंने कहा, “समृद्धि हाईवे पर बस दुर्घटना का कारण सड़क निर्माण कार्य नहीं है।”
एक चश्मदीद ने कहा, “मैं विदर्भ ट्रेवल की बस में बैठा था। हमारी गाड़ी समृद्धी पर दुर्घटना ग्रस्त हुई और गाड़ी पलटने के तुरंत गाड़ी में आग लग गई। हम 3-4 लोग शीशा तोड़कर बाहर आए। हमारे बाहर आते ही गाड़ी में धमाका हो गया। फायर टीम घटना के 10-15 मिनट बाद आई और आग पर काबू पाया।
प्रथानमंत्री कार्यालय ने ट्वीट कर कहा, “महाराष्ट्र के बुलढाणा में हुई बस दुर्घटना से बहुत दुखी हूं। मेरी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं उन लोगों के परिवारों के साथ हैं जिन्होंने अपनी जान गंवाई। घायल शीघ्र स्वस्थ हों। स्थानीय प्रशासन प्रभावितों को हर संभव सहायता प्रदान कर रहा है। बस दुर्घटना में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को 2 लाख रुपए और घायलों को 50,000 रुपए PMNRF से दिए जाएंगे। ”
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस घटना पर दुःख व्यक्त करते हुए कहा, “महाराष्ट्र के बुलढाणा जिले में हुआ सड़क हादसा हृदयविदारक है। दुःख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं इस भीषण हादसे में जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों के साथ हैं। ईश्वर से उनके शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूँ।”
बस मालिक वीरेंद्र डारना ने बताया कि यह हमारे परिवार की बस है जिसे 2020 में ली थी। यह बस पूरी तरह से नई है जिसके दस्तावेज पूरी तरह से ठीक हैं। बस के चालक के पास भी अच्छा अनुभव है। चालक के अनुसार बस का टायर फटने से बस डिवाइडर पर चढ़ गई और अत्यंत ज्वलनशील पदार्थों ने आग पकड़ ली। हमारी सूची के मुताबिक बस में करीब 27 यात्री थे।
इससे पहले, बुलढाणा पुलिस के डिप्टी एसपी बाबूराव महामुनि ने कहा, ”बस से 25 शव निकाले गए। बस में कुल 33 लोग सवार थे. 6-8 लोग घायल हो गए। घायलों को बुलढाणा सिविल अस्पताल में भर्ती कराया जा रहा है।” बाद में एक और व्यक्ति की चोटों के कारण मौत हो गई।
बुलढाणा के एसपी सुनील कडासने के मुताबिक, बस का ड्राइवर सुरक्षित है।
सुनील कडासने ने कहा, “बस में कुल 33 लोग यात्रा कर रहे थे, जिनमें से 26 लोगों की मौत हो गई और 7 लोग घायल हो गए। बस का ड्राइवर भी बच गया और उसने कहा कि टायर फटने के बाद बस पलट गई, जिससे बस में आग लग गई।”
मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने इस भीषण दुर्घटना पर शोक व्यक्त किया है। मुख्यमंत्री ने इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना में मृतकों और उनके परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री राहत कोष से मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये की सहायता देने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने इस भीषण दुर्घटना से व्यथित होने की बात कहते हुए घटना की जांच के आदेश दिये हैं।
हादसे की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने बुलढाणा के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक से फोन पर संपर्क किया और घटना की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने दुर्घटना पीड़ितों को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने के निर्देश देते हुए घायलों को सरकारी खर्च पर तत्काल चिकित्सा उपलब्ध कराने का भी निर्देश दिया।
घटना के बाद जो लोग बस से बाहर आ सके उन्होंने बताया कि उन्होंने राजमार्ग पर अन्य वाहनों से मदद मांगी, लेकिन कोई नहीं रुका। एक स्थानीय निवासी ने कहा, “पिंपलखुटा में इस मार्ग पर कई दुर्घटनाएं होती हैं। हमें मदद के लिए बुलाया गया था और जब हम वहां गए, तो हमने भयानक स्थिति देखी। टायर अलग हो गए थे।” उन्होंने कहा, “अंदर लोग खिड़कियां तोड़ने की कोशिश कर रहे थे। हमने देखा कि लोग जिंदा जल रहे हैं…आग इतनी भीषण थी कि हम कुछ नहीं कर सके। हम रो रहे थे…।”
उन्होंने बताया कि अगर राजमार्ग से गुजर रहे वाहन मदद के लिए रुकते तो और लोगों की जान बचाई जा सकती थी। पुलिस ने कहा कि बस हादसे में बचे सात लोगों को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया है और वे सुरक्षित हैं।
