छत्तीसगढ़: बस्तर के बीजापुर जिले के तर्रेम में नक्सलियों ने बर्बरता की सारी हदें पार करते हुये CRPF के 500 जवानों को घेरकर हमला किया। 1 जवान अभी भी लापता है ढूंढने के लिए सर्च अभियान जारी है। हमलावर नक्सलियों की तादाद 1200 बताई जा रही है।नक्सलियों के द्वारा फोर्स के हथियार, कपड़े, खाने का सामान तक लूटा गया। CRPF के सूत्रों ने इसकी पुष्टि की है। जवानों के पास से करीब 2 दर्जन हथियार लूटे गये है।
तर्रेम थाना क्षेत्र के नक्सली लीडर हिड़मा के गांव टेकलागुड़ा बस्ती के पास शनिवार की दोपहर नक्सलियों ने एंबुश में फंसाकर फोर्स पर हमला कर दिया। इस हमले में कुल 24 जवान अब तक शहीद हुए हैं। जिनमे 8 डीआरजी, 6 एसटीएफ, 6 कोबरा बटालियन और बस्तर बटालियन से 2 जवानों की शहादत हुई है। हालांकि शहीद जवानों की संख्या को लेकर आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। वहीं 31 घायल जवानों का अस्पताल में इलाज चल रहा। घटनास्थल पर कई जवानों के शव पड़े हुए हैं जिन्हें अब तक रिकवर नहीं किया जा सका है।
नक्सलियों ने रॉकेट लांचर तक चलाये। ग्रेनेड भी चले। दुर्भाग्य है कि हर बार की तरह सर्च के बाद लौटती टुकड़ी पर खुले में हमला किया। नक्सली ग्रामीणों के घरों की आड़ में छुप कर गोली चला रहे थे।
छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बीजापुर और सुकमा जिले की सीमा पर नक्सलियों के साथ मुठभेड़ के बाद आज यानी रविवार को 17 और शव बरामद हुए हैं। अधिकारी ने बबताया कि सुरक्षाबलों को घटनास्थल से एक महिला नक्सली का शव। भी बरामद किया है ,मुठभेड़ में नक्सलियों को भी काफी नुकसान होने की खबर है।
समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, बीजापुर के एसपी कामालोचन कश्यप ने इस बात की पुष्टि की कि शहीद होने वाले जवानों की संख्या 22 पहुंच गई है और इनमें से 15 शव आज बरामद हुए हैं और पांच कल ही मिल गए थे।
दरअसल, बस्तर इलाके में शनिवार दोपहर लगभग 12 बजे जोनागुड़ा गांव के पास नक्सलियों की पीपुल्स लिबरेशन गुरिल्ला आर्मी (पीएलजीए) बटालियन और तर्रेम के सुरक्षा बलों के बीच मुठभेड़ हुई थी। मुठभेड़ तीन घंटे से अधिक समय तक चली। पाल ने बताया था कि मुठभेड़ में कोबरा बटालियन का एक जवान, बस्तरिया बटालियन के दो जवान तथा डीआरजी के दो जवान (कुल पांच जवान) शहीद हो गए। इस दौरान 30 जवान घायल हुए हैं। घायल जवानों में से सात जवानों को रायपुर के अस्पताल में तथा 23 जवानों को बीजापुर के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस मामले पर दुख जताया और कहा कि जवानों की शहादत बेकार नहीं जाएगी। उन्होंने कहा, 7 घायल सुरक्षाकर्मी जिन्हें रायपुर स्थानांतरित कर दिया गया था, खतरे से बाहर हैं। 21 जवान अब भी लापता हैं और बचाव दल उनकी तलाश कर रहा है। मुझे गृहमंत्री अमित शाह का फोन आया। उन्होंने सीआरपीएफ महानिदेशक को राज्य में भेजा है। मैं शाम को छत्तीसगढ़ लौटूंगा।
उन्होंने आगे कहा, नक्सलियों और सुरक्षाकर्मियों के बीच 4 घंटे तक गोलीबारी हुई। नक्सलियों को भारी नुकसान हुआ है। हमारे सुरक्षाकर्मियों की शहादत व्यर्थ नहीं जाएगी। बता दें कि आज अमित शाह ने भूपेश बघेल को फोन किया और हर संभव मदद का आश्वासन दिया। अमित शाह ने भी शहीदों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की और कहा कि उनकी शहादत को देश कभी नहीं भूलेगा।
