सरकार ने केंद्रीय कैबिनेट में किया फेरबदल, किरेन रिजिजू की जगहअर्जुन राम मेघवाल को बनाया गया कानून मंत्री

किरण रिजिजू को गुरुवार को कानून मंत्री के पद से हटा दिया गया है। सरकार के कैबिनेट में फेरबदल करते हुए किरेन रिजिजू के स्थान पर अर्जुन राम मेघवाल को कानून मंत्री बनाया है। किरेन रिजिजू अब पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय का पोर्टफोलियो संभालेंगे।

पीएम मोदी की सलाह पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने मंत्रिमंडल में बदलाव को मंजूरी दे दी है। अब किरेन रिजिजू को कानून मंत्रालय से बदलकर भू विज्ञान मंत्रालय दिया गया। वहीं, रिजिजू की जगह अर्जुन राम मेघवाल को उनके मौजूदा पोर्टफोलियो के अलावा कानून और न्याय मंत्रालय में राज्य मंत्री के रूप में स्वतंत्र प्रभार सौंपा गया है।

रिजिजू 2004 में पहली बार अरुणाचल पश्चिम निर्वाचन क्षेत्र से लोकसभा चुनाव लड़े थे और जीत हासिल की थी। लेकिन वे 2009 के लोकसभा चुनाव में हार गए। 2014 के चुनाव में रिजिजू ने फिर से जीत दर्ज की और केंद्रीय मंत्रिमंडल में गृह राज्य मंत्री बनाए गए। इसके बाद वे 2019 में खेल मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) बनाए गए। जुलाई 2021 में जब कैबिनेट विस्तार के दौरान उन्हें कानून मंत्री बनाया गया था।

वहीं अर्जुन राम मेघवाल 2009, 2014 और 2019 के लोकसभा चुनाव में बीकानेर से बीजेपी के टिकट पर सांसद चुने गए। उन्हें 2013 में सर्वश्रेष्ठ सांसद के पुरस्कार से नवाजा गया था। मई 2019 में मेघवाल संसदीय मामलों और भारी उद्योग और सार्वजनिक उद्यम राज्य मंत्री बने थे। अब उन्हें कानून मंत्रालय का भी प्रभार मिल गया है।

इस बीच, रिजिजू को कानून मंत्री के पद से हटाए जाने पर शिवसेना ने प्रतिक्रिया दी है। केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए और बिना किसी का नाम लिए, शिवसेना (यूबीटी) नेता प्रियंका चतुर्वेदी ने ट्वीट कर पूछा, “क्या यह महाराष्ट्र फैसले की शर्मिंदगी के कारण है? या मोदानी-सेबी जांच?”

कांग्रेस की अलका लांबा ने भी ट्विटर का सहारा लिया और कहा, “केंद्र सरकार ने अपनी छवि की रक्षा के लिए रिजिजू को हटा दिया।” उन्होंने ट्वीट किया- “पिछले कुछ समय से कानून मंत्री के तौर रिजिजू द्वारा जजों की नियुक्ति और अदालतों के काम करने के तौर तरीकों को लेकर की जा रही टिप्पणियों और हस्तक्षेप ने मोदी सरकार के लिए मुश्किलें खड़ी कर दी थीं। सरकार ने अपनी छवि बचाने के लिए अपने क़ानून मंत्री की बलि देकर अच्छा किया।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *