‘वारिस पंजाब दे’ प्रमुख अमृतपाल सिंह और उनके सहयोगियों के खिलाफ भारत में हो रहे कार्रवाई ने खालिस्तान समर्थकों को नाराज कर दिया है और वो अब विदेशों में पढ़ने वाले भारतीय छात्रों को निशाना बना रहे हैं। अमेरिका स्थित एक अलगाववादी समूह सिख फॉर जस्टिस के वकील ने एक रिकॉर्डेड फोन कॉल में विदेशों में पढ़ने वाले भारतीयों और राजनीतिक पृष्ठभूमि वाले परिवारों के लिए एक ताजा धमकी जारी की है। एसएफजे के वकील गुरपतवंत सिंह पन्नू ने कहा- “आपके परिवार के सदस्य जो विदेशों में अमेरिका, कनाडा और यूरोप में पढ़ रहे हैं, हमारे निशाने पर हैं। उनके खिलाफ मामले दर्ज किए जाएंगे। कोई भी सामने नहीं आएगा क्योंकि आप खालिस्तानी परिवारों पर अत्याचार कर रहे हैं। हमने कांग्रेस, बादल को नष्ट कर दिया है और अब बारी आपकी (आप) की है। हम आपके परिवार के सदस्यों को एक-एक करके विदेश में ढूंढेंगे। उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी और उन्हें आपके पास वापस भेज दिया जाएगा।”
इससे पहले शुक्रवार को पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की बेटी को खालिस्तान समर्थक तत्वों से धमकी भरे फोन आने की खबरें सामने आईं। मान की बेटी सीरत कौर जो अमेरिका में रहती है, उन्हें पंजाब में अमृतपाल सिंह और उसके सहयोगियों पर कार्रवाई के खिलाफ खालिस्तान समर्थक प्रदर्शनकारियों के विरोध के बीच कथित धमकी भरे कॉल किए गए।
सीरत कौर ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में कहा कि उन्हें और उनके भाई दिलशान मान को ऑनलाइन और फोन पर गालियां दी जा रही हैं, धमकी दी जा रही है। गौरतलब है कि ये धमकियां अमेरिका के एक स्थानीय गुरुद्वारे से भी जारी की जा रही थीं। सीरत मान ने एक पोस्ट में कहा, “पिछले कई दिनों से, मुझे और मेरे भाई को ऑनलाइन, फोन के माध्यम से और यहां गुरुद्वारे में होने वाली बैठकों के दौरान पंजाब की स्थिति पर चर्चा करने के लिए धमकियां मिल रही हैं।”
कौर ने आगे कहा कि उसका परिवार उसकी और उसके भाई की सुरक्षा को लेकर बहुत चिंतित हैं। उसने खालिस्तानियों से यह भी अपील की कि उसका परिवार निर्णय लेने में शामिल नहीं था।
पटियाला के एक वकील ने फेसबुक पर दावा किया कि कुछ खालिस्तान समर्थक तत्वों ने सीरत कौर को फोन किया और अपशब्द कहे। राड़ ने पंजाबी में अपने पोस्ट में लिखा, “बच्चों को डराकर और गालियां देकर क्या आप खालिस्तान को इस तरह हासिल करने जा रहे हैं… ऐसे लोग सिख धर्म पर एक धब्बा हैं।”
इस बीच अकाल तख्त के जत्थेदार ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने इस मुद्दे को लेकर भगवंत मान के बच्चों को निशाना बनाने वाले खालिस्तानी तत्वों पर निशाना साधा है। ज्ञानी हरप्रीत सिंह ने कहा- “मुझे कल फोन आया, पता नहीं सच है या झूठ। सीएम का परिवार और बच्चे अमेरिका में हैं। उन्हें परेशान किया जा रहा है। यह गलत है। जब हम कहते हैं कि हमारे युवा निर्दोष हैं, तो वे भी निर्दोष हैं। क्या क्या उनकी गलती है? सीएम के बच्चों की गलती नहीं है। उन्हें निशाना बनाना मूर्खता है। एक लड़की को गाली देना हमारा धर्म नहीं है”।
इस बीच भगोड़े अमृतपाल सिंह ने वीडियो और ऑडियो संदेशों की एक श्रृंखला में अलगाववादी समूहों से समर्थन जुटाना शुरू कर दिया है। गौरतलब है कि अमृतपाल ने पुलिस कार्रवाई के डर से भागने के बाद कई समर्थकों को खो दिया है। अकाल तख्त के प्रमुख ज्ञानी हरप्रीत सिंह जिन्हें सरबत खालसा कहने के मुद्दे पर अमृतपाल अपने ऑडियो-वीडियो संदेशों में निशाना बना रहे हैं, ने उनके बारे में कुछ नहीं कहा है.
