रिमोट सेंसिंग और भौगोलिक सूचना प्रणाली पर आधारित पुस्तक का कुलपति ने किया विमोचन

हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय (हकेवि), महेंद्रगढ़ के कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार ने अंतरराष्ट्रीय प्रकाशक स्प्रिंगर नेचर द्वारा प्रकाशित डॉ. मनीष कुमार, सहायक आचार्य, हरियाणा केंद्रीय विश्वविद्यालय, प्रो. आर.बी. सिंह, दिल्ली विश्वविद्यालय व प्रो. डी.के. त्रिपाठी, प्राचार्य, राणा प्रताप पीजी कॉलेज, सुल्तानपुर द्वारा संपादित पुस्तक का विमोचन किया। रिमोट सेंसिंग और भौगोलिक सूचना प्रणाली पर आधारित इस पुस्तक के विमोचन के अवसर पर विश्वविद्यालय कुलपति ने कहा कि यह पुस्तक सतत योजना और प्रबंधन से संबंधित नीति विकास के लिए विविध भौतिक और मानवीय मुद्दों को समझने और हल करने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

पुस्तक के संपादक डॉ. मनीष कुमार ने पुस्तक की प्रति विश्वविद्यालय कुलपति प्रो. टंकेश्वर कुमार को भेंट करते हुए कहा कि इस पुस्तक में सतत विकास के संबंध में नीति विकास और अनुसंधान के लिए विद्वानों, योजनाकारों और निर्णय निर्माताओं के बीच विभिन्न भौतिक और सामाजिक-आर्थिक मुद्दों पर वैज्ञानिक ज्ञान के आधार को शामिल किया गया है। उन्होंने कहा कि पुस्तक सतत विकास प्रक्रियाओं और नीति विकास को बेहतर ढंग से समझने के लिए रिमोट सेंसिंग और जीआईएस के आधुनिक स्थानिक निर्णय समर्थन उपकरणों के महत्व को दर्शाती है। डॉ. मनीष ने बताया कि पुस्तक केस स्टडी पर चर्चा करती है और केस स्टडी के लिए नई अंतर्दृष्टि प्रदान करती है कि कैसे रिमोट सेंसिंग और जीआईएस-आधारित निर्णय समर्थन प्रणाली भौतिक और सामाजिक-आर्थिक प्रक्रियाओं को समझने और सतत विकास के लिए व्यावहारिक नीति विकसित करने में योगदान करती है। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के शैक्षणिक अधिष्ठाता प्रो. दिनेश कुमार, शोध अधिष्ठाता प्रो. नीलम सांगवान, कुलसचिव प्रो. सुनील कुमार, वित्त अधिकारी डॉ. विकास कुमार, प्रो. रंजन अनेजा और डॉ. संदीप राणा भी उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *