राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि दुनिया के “अच्छे देशों” में विचारों की भीड़ होती है और एक विचारधारा या एक व्यक्ति किसी देश को बना या बिगाड़ नहीं सकता है। वे नागपुर में राजरत्न पुरस्कार समिति द्वारा आयोजित पुरस्कार समारोह में बोल रहे थे।
भागवत ने कहा, “एक व्यक्ति, एक विचार, एक समूह, एक विचारधारा किसी देश को बना या बिगाड़ नहीं सकती है।” उन्होंने कहा, “दुनिया के अच्छे देशों के पास हर तरह के विचार होते हैं। उनके पास भी सभी तरह के सिस्टम होते हैं और वे सिस्टम की इस भीड़ के साथ आगे बढ़ रहे हैं।”
नागपुर के पूर्व शाही परिवार, भोंसले परिवार के बारे में बोलते हुए उन्होंने कहा कि ये परिवार संघ के संस्थापक के बी हेडगेवार के समय से आरएसएस से जुड़ा था।
भागवत ने कहा- छत्रपति शिवाजी महाराज ने ‘स्वराज्य’ (संप्रभु राज्य) की स्थापना की और दक्षिण भारत को उनके समय में अत्याचारों से मुक्त किया गया, जबकि पूर्व और उत्तर भारत को नागपुर भोंसले परिवार के शासन में अत्याचारों से मुक्त किया गया था।
